10 things I can do for not annoying people

  1. Don’t overuse technical jargon.
  2. My line of thinking might be driven by logic but normally humans are equipped with emotions.
  3. Help someone when they need it, don’t satisfy own genius by sticking out my nose in business of other people.
  4. Pulled a good joke, even good things have to stop.
  5. Always remember no matter how cool, girls are girls. They don’t have testosterone.
  6. It is good to bow down to someone’s wish every now and then.
  7. A story does not always need a nasty narrative to make it believable.
  8. Never make a relation that thrives upon the services provided, I will be thrown out as soon as a replacement is found.
  9. Don’t explain, right after hurting someone. Let them heel first.
  10. Say sorry sincerely.

इस रात की सुबह नहीं

रोक सको तो रोक लो उस आँसुओं की धार को,
जो बहे इस देश के सम्मान की अर्थी को उठता देख कर ।

चुन सको तो चुन लो इस माटी के उस कतरे को,
जो ना सराबोर हो भ्रस्टाचार के सैलाब से ।

ढक सको तो ढक्लो अपनी आँखें तुम बेबस हो ,
और कर भी क्या सकते हो जब तुम्हारी माँ की इज्ज़त लुट चुकी ।

क्या भला उस वोट का जो नोट से पराजित हुई ,
लगता है अब तो दिल पर हुई चोट में भी खोट है ।

बीत गये सोने के दिन अब तो पीतल के भी मांदे हैं,
परकटी चिड़िया भी क्या किसी को हसीन मालूम हुई ।

ना कलयुग को कोसो ना ही दोष मढ़ो ज़माने के सर,
जमाना तो वही रहा बस आप और हम बदल गये।

सूरज तो बस ढल गया अब रात का ही साया है ,
फर्क तो बस इतना है की इस रात की सुबह नहीं ।